आषाढ़ की एक अधूरी बारिश : योगिता यादव
मानव की सबसे बड़ी समस्या ही यही है कि वह बहुत जल्दी मनुष्य हो गया. वह इतनी तेजी से सामाजिक ...
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मानव की सबसे बड़ी समस्या ही यही है कि वह बहुत जल्दी मनुष्य हो गया. वह इतनी तेजी से सामाजिक ...
जीवन अप्रत्याशित घटनाओं से भरा है. जीवन भी एक संयोग ही है. जब कभी आकस्मिक प्रेम अनायास घटता है, तो ...
अर्न्स्ट फिशर ने बहुत पहले रेखांकित किया था कि कला का जादू इसमें निहित है कि हम एक ऐसे अनुभव ...
हरे प्रकाश उपाध्याय का एक उपन्यास प्रकाशित हो चुका है. वे कहानियाँ भी लिख रहे हैं, पर मूलतः कवि हैं. ...
युवा कथाकार कैफ़ी हाशमी की नई कहानी ‘चाबी’ 21वीं सदी की बदलती हिंदी कहानी का चेहरा है. यह महानगरों के ...
समालोचन साहित्य, विचार और कलाओं की हिंदी की प्रतिनिधि वेब पत्रिका है. डिजिटल माध्यम में स्तरीय, विश्वसनीय, सुरुचिपूर्ण और नवोन्मेषी साहित्यिक पत्रिका की जरूरत को ध्यान में रखते हुए 'समालोचन' का प्रकाशन २०१० से प्रारम्भ हुआ, तब से यह नियमित और अनवरत है. विषयों की विविधता और दृष्टियों की बहुलता ने इसे हमारे समय की सांस्कृतिक परिघटना में बदल दिया है.
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