कवि को केवल एक चीज़ चाहिए: कुमार अम्बुज
आचार्य रामचन्द्र शुक्ल का निबन्ध है ‘कविता क्या है’. 1909 से लेकर 1930 तक वह इसमें तरमीम-ओ-इज़ाफ़ा करते रहे. इसलिए ...
आचार्य रामचन्द्र शुक्ल का निबन्ध है ‘कविता क्या है’. 1909 से लेकर 1930 तक वह इसमें तरमीम-ओ-इज़ाफ़ा करते रहे. इसलिए ...
कुमार अम्बुज की विश्व सिनेमा की इस श्रृंखला के लिए उनके ही शब्दों में– ‘इस तरह कहना कि वह संगीत ...
समालोचन ‘असहमति की सौ कविताएँ’ के अपने विशेष अंक का यह पहला हिस्सा प्रस्तुत कर रहा है. इसमें सच, साहस ...
कला-वीथिकाओं में कलाकृतियाँ होती हैं, दर्शक और व्यवस्थापक होते हैं. इन तीनों के आपसी रिश्तों पर निर्देशक जेम कोहेन ने ...
लेखक, सामाजिक कार्यकर्ता और फ़िल्म निर्देशक ऐ वेवेई (Ai Weiwei) चीन के महत्वपूर्ण कवि ऐ चिंग (Ai Qing) के पुत्र ...
‘मज़ाक़’ कवि कुमार अम्बुज का दूसरा कहानी संग्रह है जिसे इसी साल ‘राजपाल एन्ड सन्ज़’ ने प्रकाशित किया है. 2008 ...
1964 की हिरोशी तेशिगहारा (Hiroshi Teshigahara) द्वारा निर्देशित जापानी फ़िल्म ‘वुमन इन द ड्यून्स’ को कई प्रतिष्ठित पुरस्कार मिले हैं. ...
नम्बर, 2022 में ‘विश्व सिनेमा से कुमार अम्बुज’ की चौदहवीं कड़ी के साथ यह स्वीकारोक्ति भी नत्थी थी- “यह पूर्ण ...
2022 की श्रेष्ठ पुस्तकें कौन-कौन सी हैं? इससे सार्थक मुझे यह लगा कि 2022 में किन किताबों को पढ़ा गया ...
अघटित के घटित होने का समय कुसमय ही होता है, उसे अभी इस समय में नहीं घटित होना था. राकेश ...
समालोचन साहित्य, विचार और कलाओं की हिंदी की प्रतिनिधि वेब पत्रिका है. डिजिटल माध्यम में स्तरीय, विश्वसनीय, सुरुचिपूर्ण और नवोन्मेषी साहित्यिक पत्रिका की जरूरत को ध्यान में रखते हुए 'समालोचन' का प्रकाशन २०१० से प्रारम्भ हुआ, तब से यह नियमित और अनवरत है. विषयों की विविधता और दृष्टियों की बहुलता ने इसे हमारे समय की सांस्कृतिक परिघटना में बदल दिया है.
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